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योगी आदित्यनाथ बोले- डिजिटल साक्षरता के साथ AI literacy भी जरूरी, यूपी में नई तकनीक पर जोर

संपादक: Ghar Tak Express News | प्रकाशित: 07 सितम्बर 2026, 12:18 अपराह्न
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लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार, 7 सितंबर 2026 को कहा कि बदलती तकनीक के दौर में डिजिटल साक्षरता के साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI की समझ भी जरूरी हो गई है। उन्होंने यह बात 8 सितंबर को मनाए जाने वाले अंतरराष्ट्रीय साक्षरता दिवस से पहले प्रदेशवासियों के नाम लिखे एक पत्र में कही।

मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल बच्चों को पढ़ना-लिखना सिखाना नहीं होना चाहिए, बल्कि ज्ञान, मूल्य, अनुशासन, आत्मविश्वास और सही समझ विकसित करना भी होना चाहिए। उनके अनुसार AI, डीप-टेक और दूसरी उभरती तकनीकें शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, उद्योग और रोजगार के क्षेत्र में नए अवसर पैदा कर रही हैं।

योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश में तकनीकी बदलाव से जुड़े कुछ प्रयासों का भी उल्लेख किया। उन्होंने लखनऊ में विकसित हो रहे AI City ecosystem और कानपुर में ड्रोन तथा unmanned aerial vehicle technology से जुड़े काम को राज्य के तकनीकी भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताया।

मुख्यमंत्री का यह बयान ऐसे समय आया है जब AI को लेकर शिक्षा और रोजगार दोनों क्षेत्रों में तेजी से बदलाव हो रहे हैं। स्कूलों और उच्च शिक्षा संस्थानों में AI की बुनियादी समझ, डिजिटल सुरक्षा, जिम्मेदार तकनीक इस्तेमाल और भविष्य की नौकरियों के लिए कौशल को लेकर चर्चा बढ़ रही है।

उत्तर प्रदेश सरकार पहले भी AI और emerging technologies पर प्रशिक्षण तथा संस्थागत सहयोग की दिशा में कदमों की घोषणा कर चुकी है। राज्य में AI, robotics, drone technology और medical technology से जुड़े केंद्रों तथा प्रशिक्षण पहलों पर जोर दिया जा रहा है।

हालांकि मुख्यमंत्री के ताजा पत्र में AI literacy पर जोर देने को एक नीति दिशा और सार्वजनिक अपील के रूप में देखा जाना चाहिए। इससे यह निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा कि प्रदेश के हर स्कूल में तत्काल कोई नया AI पाठ्यक्रम लागू कर दिया गया है। ऐसे बदलावों के लिए संबंधित विभागों की औपचारिक अधिसूचना और कार्ययोजना जरूरी होगी।

क्यों महत्वपूर्ण है AI literacy?

AI tools अब पढ़ाई, कंटेंट निर्माण, डेटा विश्लेषण, स्वास्थ्य सेवाओं, कृषि सलाह और व्यवसाय जैसे क्षेत्रों में इस्तेमाल हो रहे हैं। ऐसे में विद्यार्थियों और आम नागरिकों के लिए यह समझना जरूरी है कि AI कैसे काम करता है, इसके जवाबों की सीमाएं क्या हैं और निजी जानकारी साझा करते समय किन सावधानियों की जरूरत है।

स्रोत: PTI/Hindustan Times, 7 सितंबर 2026.