📅 22 अक्टूबर 2026 | 📍 नई दिल्ली, भारत
GHAR TAK EXPRESS NEWS

भारत का अपना न्यूज़ पोर्टल

ब्रेकिंग न्यूज़
🔴 कुशीनगर में कार पेड़ से टकराई, चार युवकों की मौत; तीन घायल🔴 PM-SETU योजना: गोरखपुर समेत यूपी के 8 शहरों में आईटीआई क्लस्टर की तैयारी🔴 कैंसर की 137 दवाओं पर ट्रेड मार्जिन की सीमा, 9 नवंबर से नई दरें लागू🔴 यूक्रेन पहुंचे जर्मन चांसलर मर्ज, रूस के हमलों के बीच 1.35 अरब यूरो की मदद और ड्रोन समझौते पर नजर🔴 पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर बड़ा हादसा: सैनिक का शव लेकर देवरिया जा रही एंबुलेंस ट्रक से टकराई, 4 की मौत🔴 फिरोजाबाद की टायर फैक्ट्री में भीषण आग, दमकल की कई गाड़ियां मौके पर; जांच की तैयारी🔴 एशियन गेम्स 2026 का समापन, भारत ने शानदार प्रदर्शन के साथ अभियान पूरा किया🔴 यमन में हूती विद्रोहियों के खिलाफ बड़ा सैन्य अभियान शुरू, क्षेत्रीय तनाव बढ़ा🔴 OPEC+ का बड़ा फैसला, नवंबर में तेल उत्पादन लक्ष्य में नहीं होगा बदलाव🔴 दिल्ली-मुंबई में वोटर लिस्ट विवाद पर प्रदर्शन तेज, मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग

सहारनपुर में PNB की करेंसी चेस्ट से 7.4 करोड़ रुपये गायब होने का मामला, नकली नोटों से बदले जाने का आरोप

संपादक: Arvind Kumar Sahani |प्रकाशित: 01 सितम्बर 2026, 08:17 अपराह्न
WhatsApp Facebook

सहारनपुर, 1 सितंबर 2026: उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में पंजाब नेशनल बैंक (PNB) की एक शाखा से जुड़ा करीब 7.4 करोड़ रुपये का कथित करेंसी चेस्ट घोटाला सामने आया है। रिपोर्टों के अनुसार वास्तविक नकदी को निकालकर उसकी जगह नकली नोट रखे जाने की आशंका है। मामले में बैंक के एक वरिष्ठ प्रबंधक और दो करेंसी चेस्ट प्रबंधकों की भूमिका की जांच की जा रही है।

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, बैंक की करेंसी चेस्ट में रखी वास्तविक मुद्रा और उपलब्ध नकदी के बीच बड़ा अंतर सामने आने के बाद मामला जांच के दायरे में आया। करीब 7.4 करोड़ रुपये की वास्तविक करेंसी के स्थान पर नकली नोट पाए जाने की बात सामने आई है।

जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि असली नोट बैंक के सुरक्षित परिसर से कब और किस प्रक्रिया के तहत निकाले गए तथा नकली नोट करेंसी चेस्ट में कैसे पहुंचे। बैंक अधिकारियों की भूमिका की जांच के साथ-साथ आंतरिक सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था की भी पड़ताल की जा रही है।

यह मामला इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि करेंसी चेस्ट में बड़ी मात्रा में नकदी की सुरक्षा के लिए निर्धारित प्रक्रियाएं और कई स्तरों की निगरानी व्यवस्था होती है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कथित गड़बड़ी में कितने लोग शामिल थे और नकली नोटों की आपूर्ति का स्रोत क्या था।

सावधानी: मामले की जांच जारी है। किसी व्यक्ति को दोषी ठहराने से पहले जांच और कानूनी प्रक्रिया पूरी होना जरूरी है।

स्रोत: Economic Times/Times of India में प्रकाशित रिपोर्टें, 1 सितंबर 2026।