कीव, 5 अक्टूबर 2026: रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध में पश्चिमी समर्थन के बीच जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज रविवार को कीव पहुंचे। उनके साथ जर्मन रक्षा उद्योग से जुड़े शीर्ष अधिकारी भी हैं। यह दौरा ऐसे समय हुआ है जब यूक्रेन के कई शहरों पर रूसी हमलों में तेजी की खबरें सामने आई हैं।
Reuters के अनुसार, जर्मनी की ओर से यूक्रेन के लिए लगभग 1 अरब यूरो की सैन्य सहायता और ऊर्जा ढांचे की मरम्मत के लिए करीब 350 मिलियन यूरो की सहायता की घोषणा की तैयारी है। कुल पैकेज लगभग 1.35 अरब यूरो का बैठता है। इसका उद्देश्य यूक्रेन की रक्षा क्षमता और युद्ध से प्रभावित ऊर्जा ढांचे को समर्थन देना है।
मर्ज के दौरे के दौरान जर्मनी और यूक्रेन के बीच ड्रोन उत्पादन को लेकर सहयोग समझौतों को अंतिम रूप दिए जाने की भी उम्मीद है। इसके तहत दोनों देश रक्षा क्षेत्र में औद्योगिक सहयोग बढ़ाने और यूक्रेन की ड्रोन क्षमता को मजबूत करने पर काम कर सकते हैं।
यह घटनाक्रम कीव पर बढ़ते रूसी हमलों की पृष्ठभूमि में सामने आया है। Reuters की रिपोर्ट के मुताबिक, रूसी हमलों के दौरान कीव के नॉर्दर्न ब्रिज को नुकसान पहुंचने की सूचना यूक्रेनी अधिकारियों ने दी है। इससे पहले शहर के साउदर्न ब्रिज पर भी हमलों की खबरें सामने आई थीं।
जर्मनी का नया सहायता पैकेज यूरोप की उस नीति को भी रेखांकित करता है जिसमें यूक्रेन की सैन्य और ऊर्जा जरूरतों को लेकर सहयोग बढ़ाने की कोशिश जारी है। हालांकि, प्रस्तावित सहायता और औद्योगिक समझौतों का वास्तविक प्रभाव उनके औपचारिक ऐलान और लागू होने की शर्तों पर निर्भर करेगा।
यूक्रेन के लिए ऊर्जा ढांचा इस समय विशेष महत्व रखता है, क्योंकि रूसी हमलों में बिजली और अन्य महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचने से सर्दियों से पहले ऊर्जा सुरक्षा एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। जर्मन सहायता का ऊर्जा वाला हिस्सा इसी दबाव को कम करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
क्या है आगे की नजर: कीव में होने वाली बैठकों के बाद सहायता पैकेज, ड्रोन उत्पादन सहयोग और ऊर्जा पुनर्निर्माण से जुड़े औपचारिक फैसलों पर दुनिया की नजर रहेगी। उपलब्ध जानकारी के आधार पर फिलहाल इतना स्पष्ट है कि जर्मनी यूक्रेन के लिए अपने रक्षा और ऊर्जा समर्थन को आगे बढ़ाने की दिशा में कदम उठा रहा है।
स्रोत: Reuters की 5 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट और यूक्रेनी अधिकारियों से जुड़ी उपलब्ध जानकारी।