संवाददाता: घर तक एक्सप्रेस गोरखपुर | दिनांक : 01 अगस्त 2025 उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनावों की सरगर्मी शुरू होते ही गांव-गांव में नई राजनीतिक हलचलों का दौर प्रारंभ हो गया है। गोरखपुर जिले के पिपराईच ब्लॉक के अंतर्गत ग्राम महराजी एक बार फिर चर्चा में है – वजह हैं पूर्व छात्र नेता और ग्राम प्रधान पद के पूर्व प्रत्याशी सुजीत सिंह, जो 2026 के चुनावों में भाग लेने के लिए पूरी तरह से सक्रिय हो चुके हैं। शिक्षा, युवाओं के सशक्तिकरण और पारदर्शी सुजीत सिंह इस बार विकास को केन्द्रीय मुद्दा बनाकर ग्रामीणों के बीच जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं। उनकी छवि एक सुलझे हुए कर्मठ नेता की रही है और यही कारण है कि उन्हें गांव के युवा वर्ग से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक का समर्थन प्राप्त हो रहा है।
नेतृत्व की पृष्ठभूमि और राजनीतिक अनुभव
सुजीत सिंह का छात्र जीवन से ही नेतृत्व क्षमता की पहचान बन चुकी थी। गोरखपुर MP विश्वविद्यालय से छात्र राजनीति में कदम रखते हुए उन्होंने संगठनात्मक नेतृत्व, संघर्ष और विचारधारा की स्पष्टता के साथ पहचान बनाई। छात्र संघ में उनकी सक्रियता ने उन्हें सामाजिक मुद्दों के प्रति सजग और जागरूक बनाया। इसके बाद ग्राम महराजी में उन्होंने पहली बार ग्राम प्रधान पद के लिए नामांकन किया। भले ही चुनाव परिणाम उनके पक्ष में न रहा पर उनकी चुनावी रणनीति पारदर्शी संवाद और विकास पर आधारित सोच ने ग्रामीणों के दिलों में स्थान बना लिया। 2026 का चुनाव उनके लिए एक दूसरा अवसर है, जहां वे पहले से अधिक तैयारियों के साथ मैदान में हैं।
गाँव की समस्याएँ और सुजीत सिंह का दृष्टिकोण
ग्राम महराजी जो अब भी मूलभूत सुविधाओं जैसे कि जल निकासी, सड़क मरम्मत, और स्वास्थ्य सेवाओं की कमी से जूझ रहा है, वहाँ सुजीत सिंह ने समस्याओं को केवल गिनाया नहीं, बल्कि उनका समाधान सुझाने की भी पहल की है। वे कहते हैं नेतृत्व का मतलब सिर्फ वादे करना नहीं बल्कि समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाना है। उनका मानना है कि जब स्थानीय नेतृत्व शिक्षित और दूरदर्शी होगा तभी ग्रामीण भारत की असली तस्वीर बदलेगी।
जनसंपर्क और युवाओं का उत्साह
पिछले दो महीनों से सुजीत सिंह का जनसंपर्क अभियान तेज़ हो चुका है। वे हर में घर-घर जाकर लोगों से मिल रहे हैं बुजुर्गों का आशीर्वाद ले रहे हैं और युवाओं से सीधा संवाद कर रहे हैं। ग्राम महराजी के युवा विकास पटल बताते हैं सुजीत सिंह हमें प्रेरणा देते हैं। उनकी सोच साफ है और वे जाति या राजनीति से ऊपर उठकर बात करते हैं। गांव की महिलाओं का एक समूह भी उनके महिला सशक्तिकरण एजेंडे को लेकर उत्साहित है। वहीं दूसरी ओर विपक्षी प्रत्याशी भी सुजीत सिंह की बढ़ती लोकप्रियता को लेकर रणनीतियाँ बदल रहे हैं। चुनावी मैदान में उनकी सक्रियता ने समीकरणों को चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
नाली मरमत
ग्राम महराजी (ब्लॉक पिपराईच) में जल निकासी की वर्षों पुरानी समस्या को देखते हुए पूर्व छात्र नेता सुजीत सिंह ने ग्रामीणों के सहयोग से नाले की मरम्मत का बीड़ा उठाया है। उन्होंने व्यक्तिगत प्रयास से सीमेंट पाइप मंगवाए और मरम्मत कार्य शुरू कराया। गांव के मुख्य रास्ते पर जलजमाव से परेशान लोगों ने राहत की सांस ली है। स्थानीय युवाओं ने भी श्रमदान में भाग लिया। सुजीत सिंह ने कहा गांव की सेवा ही मेरा उद्देश्य है। विकास कार्य किसी पद से नहीं, सोच से होते हैं। ग्रामीणों ने उनके कार्य को सराहा।
रिपोर्ट : मुकेश साहनी : GT Express न्यूज़ डेस्क | AN Next Media Network Private Limited
Leave a Reply