प्रधानमंत्री ने NDTV वर्ल्ड समिट 2025 में झलकियाँ साझा कीं अपने संबोधन की

प्रकाशित: 18 अक्टूबर 2025, 12:19PM, PIB दिल्ली
नई दिल्ली में आयोजित NDTV वर्ल्ड समिट 2025 में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने अपने संबोधन की झलकियाँ साझा कीं। इस अवसर पर उन्होंने देश और दुनिया से आए सभी विशिष्ट अतिथियों का स्वागत किया तथा सभी देशवासियों को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब देशभर में उत्सव का माहौल है, और “Unstoppable India” अर्थात् “अविराम भारत” जैसा विषय इस समय के लिए बिल्कुल उपयुक्त है, क्योंकि आज का भारत वास्तव में रुकने वाला नहीं है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि “भारत न रुकेगा, न थमेगा — 140 करोड़ भारतीय तेजी से और एकजुट होकर आगे बढ़ रहे हैं।” उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में भारत ने अनेक क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की है और यह प्रगति किसी एक सरकार या व्यक्ति की नहीं, बल्कि हर भारतीय के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।
भारत की विकास गति पर बल
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत की विकास यात्रा अब केवल आंकड़ों या रिपोर्टों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जनसाधारण के जीवन में प्रत्यक्ष रूप से दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि आज भारत दुनिया की पाँचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित है और अगले कुछ वर्षों में तीसरे स्थान पर पहुँचने का लक्ष्य रखता है।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि भारत में स्टार्टअप, डिजिटल भुगतान, हरित ऊर्जा, रक्षा उत्पादन और आधुनिक अवसंरचना निर्माण जैसे क्षेत्रों में क्रांतिकारी परिवर्तन हो रहे हैं।
श्री मोदी ने कहा कि भारत की यह रफ्तार केवल आर्थिक मोर्चे तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक दृष्टि से भी देश सशक्त हो रहा है। उन्होंने कहा कि आज भारत के गाँव-गाँव तक डिजिटल इंडिया का लाभ पहुँच रहा है, युवाओं में आत्मविश्वास बढ़ा है और महिलाओं की भागीदारी हर क्षेत्र में बढ़ रही है।
अविराम भारत का संदेश
प्रधानमंत्री ने कहा कि NDTV वर्ल्ड समिट का विषय “Unstoppable India” भारत की भावना को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यह वह भारत है जो असफलताओं से घबराता नहीं, बल्कि उनसे सीखकर आगे बढ़ता है। उन्होंने कहा
आज का भारत ‘Yes, We Can’ नहीं, बल्कि ‘We Will Do It’ की भावना से प्रेरित है।
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि भारत का युवा वर्ग आज परिवर्तन का सबसे बड़ा वाहक है। देश के हर कोने से नवाचार, नए विचार और उद्यमशीलता की कहानियाँ सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं ने यह साबित कर दिया है कि “Make in India” से लेकर “Create for the World” तक का सफर अब वास्तविकता बन चुका है।
वैश्विक नेतृत्व की दिशा में भारत
श्री मोदी ने कहा कि आज भारत केवल अपने लिए नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के लिए सोचता है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि भारत की G20 अध्यक्षता, ग्लोबल बायोफ्यूल अलायंस, इंटरनेशनल सोलर अलायंस और वैक्सीन मैत्री मिशन जैसी पहलें विश्व को नई दिशा दे रही हैं। उन्होंने कहा कि “वसुधैव कुटुम्बकम” की भावना के साथ भारत पूरी मानवता के कल्याण की दिशा में काम कर रहा है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, ऊर्जा सुरक्षा, खाद्य सुरक्षा और वैश्विक शांति जैसे विषयों पर भारत की आवाज अब निर्णायक मानी जाती है। उन्होंने कहा कि भारत अब केवल ‘फॉलोअर’ नहीं, बल्कि ‘लीडर’ की भूमिका निभा रहा है।
जनता के विश्वास को प्रधानमंत्री ने बताया असली ताकत
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत की प्रगति का सबसे बड़ा आधार जनता का विश्वास और सहयोग है। उन्होंने कहा कि देश का हर नागरिक, चाहे वह किसान हो, महिला हो, युवा हो या व्यापारी — सभी भारत के विकास में भागीदार हैं।
उन्होंने कहा कि यह भरोसा ही है जो भारत को “अविराम” बनाता है। उन्होंने कहा कि आज जब दुनिया कई चुनौतियों से जूझ रही है, तब भारत स्थिरता और विश्वास का प्रतीक बनकर उभरा है।
समापन में प्रधानमंत्री का संदेश
अपने संबोधन के अंत में प्रधानमंत्री ने NDTV वर्ल्ड समिट 2025 के आयोजकों को बधाई दी और कहा कि इस तरह के आयोजन भारत की प्रगति की दिशा में संवाद और सहयोग का मंच प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि भारत की यात्रा केवल ‘विकास’ की नहीं, बल्कि ‘विश्वास’ की भी यात्रा है।
प्रधानमंत्री ने कहा —
आज का भारत अपने सपनों को साकार करने के लिए दृढ़संकल्प है।
यह भारत अपने सामर्थ्य पर विश्वास रखता है।
यह भारत किसी रुकावट से डरता नहीं, बल्कि उसे अवसर में बदल देता है।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन के माध्यम से यह संदेश दिया कि आने वाला दशक भारत का दशक है, जहाँ हर क्षेत्र में भारत नई ऊँचाइयों को छुएगा और दुनिया के लिए एक प्रेरणा बनेगा।


