नई दिल्ली: मध्य-पूर्व में तनाव और ऊंचे कच्चे तेल की कीमतों के बीच भारतीय शेयर बाजार पर दबाव बना हुआ है। 29 सितंबर 2026 को Reuters की रिपोर्ट के अनुसार, निफ्टी 50 और सेंसेक्स में गिरावट रही, जबकि रुपये ने शुरुआती कारोबार में दो महीने के निचले स्तर को छुआ और 96 रुपये प्रति डॉलर के महत्वपूर्ण स्तर को पार किया।
Reuters के मुताबिक, निफ्टी 50 एक समय 2.5 प्रतिशत तक फिसला और बाद में नुकसान सीमित हुआ। दिन के दौरान 16 में से 13 सेक्टरों में गिरावट दर्ज की गई। ऊंचे तेल भाव भारत के लिए खास चिंता का विषय हैं क्योंकि देश अपनी कच्चे तेल की जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है।
रुपये के मोर्चे पर भी दबाव दिखा। कारोबार के दौरान डॉलर के मुकाबले रुपया 96.14 के आसपास तक कमजोर हुआ। बाद में सरकारी बैंकों की डॉलर बिक्री और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से गिरावट कुछ सीमित हुई और रुपया करीब 95.98 पर बंद हुआ।
बाजार की अगली दिशा में कच्चे तेल, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड, विदेशी निवेशकों की गतिविधि और अमेरिका के आगामी आर्थिक आंकड़े अहम रहेंगे।
स्रोत: Reuters, 29 सितंबर 2026।